प्रमुख सुर्खियाँ :

वित्त वर्ष 22 में 3,729 हजार करोड़ रुपये के लोन को मंजूरी मिली, क्रिफ हाई मार्क के एमएसएमई डेटा में सामने आई यह बात

नई दिल्ली। क्रेडिट ब्यूरो, क्रिफ हाई मार्क ने एमएसएमई दिवस 2022 के अवसर पर एमएसएमई लोन से संबंधित आंकड़ों को जारी किया है। इस रिपोर्ट में वित्त वर्ष 20 – वित्त वर्ष 22 के बीच एमएसएमई लोन के संपूर्ण रुझानों पर प्रकाश डाला गया है। रिपोर्ट में शामिल प्रमुख आंकड़ों में सक्रिय एमएसएमई लोन, बकाया पोर्टफोलियो, लोन वितरण, बाजार हिस्सेदारी, सभी उत्पादों में मूल्य और मात्रा के आधार पर लो, लोन लेने वाले प्रकार और भौगौलिक क्षेत्र सामिल हैं।

शोध रिपोर्ट के अनुसार, मार्च 2022 तक एमएसएमई उद्योग का पोर्टफोलियो बकाया 22.7 लाख करोड़ रुपये था, जो मार्च 2020 की तुलना में 36% की वृद्धि और मार्च 21 मार्च की तुलना में 18% की वृद्धि दर्शाता है। मार्च 2022 तक एमएसएमई क्षेत्र के लिए 137.4 लाख सक्रिय लोन थे, जो मार्च 2021 के मुकाबले 7% की वृद्धि और मार्च 2020 के मुकाबले 43% की वृद्धि दर्शाता है। पीएआर 91-180 डीपीडी मार्च 2021 के 1.6% से सुधरकर मार्च 22 में 1.3 प्रतिशत हो गया। पीएआर 181-360 डीपीडी 0.3% के स्तर पर स्थिर रहा। मार्च 2022 तक पीएआर 360+ डीपीडी 2.2% पर था, जो मार्च 2021 के 2.5 प्रतिशत से बेहतर है।

क्रिफ हाई मार्क के मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ नवीन चंदानी ने कहा, “एमएसएमई भारतीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं, और हमारे डेटा का उद्देश्य एमएसएमई दिवस 2022 के मौके पर इस सेगमेंट के लिए उभर रहे प्रमुख लोन रुझानों की जांच करना है। तथ्य यह है कि महामारी के पूर्व स्तर के मुकाबले एमएसएमई को दिए गए लोन में लगभग 50% की वृद्धि हुई है, यह एक स्पष्ट संकेत है कि लोन देने वाला समुदाय इस क्षेत्र की मजबूती और पुनर्विकास का सक्रिय रूप से समर्थन कर रहा है। हम छोटे व्यवसायों के लिए कर्ज पारितंत्र को लाभ पहुंचाने के लिए समृद्ध डेटा और अंतर्दृष्टि को प्रकाशित करना जारी रखेंगे।”

वित्त वर्ष 22 में कुल 3,729 हजार करोड़ रुपये की राशि को मंजूरी मिली जोकि वित्त वर्ष 21 के मुकाबले लगभग 5% और वित्त वर्ष 20 के मुकाबले 182% की वृद्धि दर्शाती है। 51.5 लाख खातों में, वित्त वर्ष 22 में मंजूर किया गया कुल ऋण वित्त वर्ष 20 की तुलना में 47% की वृद्धि दिखाता है। एमएसएमई लोन के लिए औसत टिकट आकार वित्त वर्ष 20 के 37.7 लाख रुपये से बढ़कर वित्त वर्ष 21-22 में 72.4 लाख रुपये हो गया, और इसमें 92% की वृद्धि देखने को मिली।

टीम डिजिटल

Related Posts

leave a comment

Create Account



Log In Your Account