नई दिल्ली। जहां एक तरफ पूरी दुनिया कोरोना वायरस के कारण रुकी हुई है, वहीं इसका जन्मदाता चाइना, अब इस महामारी से अपने आपको मुक्त बता रहा है। कई जानकार इसे चीन की सोची समझी चाल बता चुके हैं, जबकि कुछ इसे ट्रेड वॉर के साथ साथ जैविक हथियार का रूप दे रहे हैं, जिसके अंतर्गत चाइना अमेरिका और यूरोपियन कंट्रीज को पूरी तरह आर्थिक पंगू बनाना चाहता है। इस वक्त कोरोना महामारी से लगभग 200 देश त्रासदी की स्थिति से गुजर हैं। ऐसे में भारत में भी चाइना को लेकर भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। देश में लंबे समय से चाइनीज प्रोडक्ट्स के बहिष्कार की बात चल रही है। हालांकि महज होली, दीवाली पर उठने वाला ये मुद्दा अब गंभीर रूप ले चुका है और इसका एक ताजा नमूना भी देखने को मिला गया है।
ऑनलाइन मीडिया चैनल ट्रूपल.कॉम के को फाउंडर अतुल मलिकराम ने एक वीडियो संदेश जारी कर यह घोषणा की है कि वह और उनके कार्यालय में कार्यरत सभी कर्मचारी तत्काल प्रभाव से चाइना मेड प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल पूरी तरह बंद कर रहे हैं। इसके अन्तर्गत एक कड़ा फैसला लेते हुए चैनल ने अपने टिक टॉक अकाउंट समेत ओप्पो, विवो और एमआई जैसी चाईनीज कंपनियों के मोबाइल फोन वा अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का इस्तेमाल बंद कर दिया है।
पिछले लंबे समय से भारत की देशभक्त जनता ने चीनी सामान के बहिष्कार का अभियान छेड़ रखा है। लेकिन ये पहला मौका है जब किसी भारतीय ऑनलाइन चैनल ने इस दिशा में कड़े कदम उठाने की जहमत की है। साथ ही चैनल ने अन्य लोगों व संस्थाओं से भी इस मुहीम का हिस्सा बनने की गुजारिश की है। मालूम हो कि चीन हमेशा से दुश्मन मुल्क पाकिस्तान का समर्थक रहा है। पाक के हर नापाक कदम पर चीन ने उसका साथ ही दिया है। वहीं अब कोरोना वायरस के संकट में भी चीन ने खुद को दुनिया से अलग कर लिया है, जिस कारण अब तक लाखों लोगों की जान जा चुकी है। दबी जुबान में कई देश चीन से उसके इस व्यवहार का बदला लेने की बात स्वीकार चुके हैं।

