ग्रेटर नोएडा वेस्ट। एसकेए ग्रीनआर्च सोसाइटी में रविवार को एओए (अपार्टमेंट ओनर्स एसोसिएशन) के चुनाव शांतिपूर्ण और उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुए। चुनाव में कुल 13 प्रत्याशी मैदान में थे, जिनमें से 9 पदों के लिए प्रतिनिधियों का चयन किया गया। सोसाइटी के निवासियों ने लोकतांत्रिक जिम्मेदारी निभाते हुए भारी संख्या में मतदान किया। मतगणना के अनुसार एस के मेहता पहले नंबर पर, बासु चौहान दूसरे नंबर पर, प्रेम तिवारी तीसरे नंबर पर और ओम प्रकाश मिश्रा चौथे नंबर पर रहे। उनके बाद पंकज कुमार, अमित कुमार सिन्हा, पवन कुमार शुक्ला, राजमंगल गिरी, और राहुल सिंह, विजयी घोषित किए गए।
चुनाव के उपरांत पदों का बंटवारा सर्वसम्मति से किया गया, जिसमें एस के मेहता को अध्यक्ष चुना गया। ओम प्रकाश मिश्रा को उपाध्यक्ष, प्रेम तिवारी को सचिव तथा अमित कुमार सिन्हा को कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई। शेष सदस्यों को कार्यकारिणी सदस्य के रूप में चुना गया।
चुनाव संपन्न होने पर अध्यक्ष श्री एस के मेहता ने कहा, “यह विश्वास मेरे लिए सम्मान की बात है। हमारी प्राथमिकता सोसाइटी में पारदर्शी प्रशासन और एकजुट समुदाय निर्माण की रहेगी। मिलकर हम हर पहलू में सुधार लाएँगे। निवासियों का यह विश्वास मेरे लिए प्रेरणा है। मैं यह सुनिश्चित करूंगा कि सोसाइटी की हर छोटी-बड़ी ज़रूरतों पर ध्यान दिया जाए।” उपाध्यक्ष श्री ओम प्रकाश मिश्रा ने कहा, “मेरी प्रतिबद्धता रहेगी कि प्रत्येक निवासी की आवाज़ सुनी जाए। हम सभी के सुझावों को व्यवहार में लाकर एसकेए ग्रीनआर्च को एक मॉडल सोसाइटी बनाएंगे।” सचिव श्री प्रेम तिवारी ने कहा, “सक्रिय संवाद और समयबद्ध सूचना प्रबंधन से हम समर्पित प्रशासन सुनिश्चित करेंगे। निवासियों को हर निर्णय में साथ रखना हमारी जिम्मेदारी है।”
कोषाध्यक्ष श्री अमित कुमार सिन्हा ने कहा, “वित्तीय पारदर्शिता और विवेकपूर्ण उपयोग मेरी प्राथमिकताएँ होंगी। हम समाज के विकास को सुविधाजनक और व्यावहारिक बनाने की दिशा में कार्य करेंगे।”
नव-निर्वाचित एओए टीम ने सभी निवासियों का आभार व्यक्त करते हुए पारदर्शिता, सौहार्द और सोसाइटी के सर्वांगीण विकास के लिए प्रतिबद्धता जताई है। सोसाइटी वासियों ने भी शांतिपूर्ण चुनाव प्रक्रिया और उच्च मतदान प्रतिशत पर संतोष व्यक्त किया। नव निर्वाचित प्रतिनिधियों से सोसाइटी को समुचित प्रबंधन, पारदर्शिता एवं विकास की नई दिशा में आगे बढ़ाने की आशा की जा रही है। स्वच्छता, सुरक्षा और समृद्ध सामुदायिक जीवन को प्राथमिकता देने की बात की जा रही है।

