पटना। बिहार विधानसभा में आज उस वक्त राजनीतिक तापमान और चढ़ गया जब बीजेपी के फायरब्रांड नेता और विधायक हरीभूषण ठाकुर बचोल ने सदन में बड़ा बयान दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार में बांग्लादेशी और अन्य विदेशी नागरिक बड़ी संख्या में मौजूद हैं और यह अब प्रमाणित हो चुका है। ठाकुर ने कहा कि इनमें से कई घुसपैठिए न केवल मतदाता सूची में शामिल हैं, बल्कि कुछ तो विधायक बनकर राजनीति में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।
हरीभूषण ठाकुर की मांग:
“हम चुनाव आयोग और राज्य सरकार से मांग करते हैं कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष और गहराई से जांच कराई जाए। यह स्थिति लोकतंत्र के लिए गंभीर खतरे की घंटी है। वोटर लिस्ट में फर्जी नाम जुड़वाकर ये लोग सत्ता की चाबी अपने हाथ में लेना चाहते हैं।”
महागठबंधन पर सीधा हमला
ठाकुर ने महागठबंधन के विधायकों को भी आड़े हाथों लिया। आज जब महागठबंधन के विधायक वोटर लिस्ट और विशेष जांच रिपोर्ट (SIR) को लेकर काले कपड़ों में विरोध दर्ज करवा रहे थे, तो हरीभूषण ठाकुर ने तंज कसते हुए कहा—
“इनका मन काला है, इनका दिल काला है, अब कपड़े काले पहनने से क्या फर्क पड़ेगा? जनता सब देख रही है और समय आने पर जवाब देगी।”
विधानसभा में मचा हड़कंप
हरीभूषण ठाकुर के इस बयान के बाद विधानसभा में तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली। विपक्षी विधायकों ने उनके बयान को राजनीतिक साजिश बताया, वहीं सत्ता पक्ष इस मामले की गंभीरता को नजरअंदाज कर रहा है।
अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि चुनाव आयोग और सरकार इस मुद्दे पर क्या कदम उठाएंगे, और क्या बिहार में घुसपैठ के आरोपों की जांच होगी या यह मुद्दा सिर्फ राजनीतिक बयानबाजी तक ही सीमित रहेगा।

