
नई दिल्ली/ टीम डिजिटल। क्रिकेटर महेंद्र सिंह cपर सेना के बलिदान बैज पर काफी जोरदार विवाद चल रहा है । आखिर धोनी ने ऐसा क्या अपराध कर दिया ये बैज वाले दस्ताने पहन कर ? अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड नियमों की दुहाई देकर इन्हें पहने जाने पर आपत्ति कर रहा है जबकि भारतीय क्रिकेट बोर्ड इसकी अनुमति दिए जाने की गुहार लगा रहा है और पैरवी कर रहा है कि कुछ भी गलत नहीं । यह तो एक भावना मात्र है किसी खिलाडी की । आज के मैच में धोनी ये दस्ताने नहीं पहन सकेंगे । वे साधारण दस्ताने ही पहन कर मैदान में उतरेंगे । इस बैज पर खूब बहस सामने आई और राष्टर भावना भी उमडी । फिर भी यह कहा गया कि जब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेल रहे हैं तो नियम भी उनके ही मानने पडेंगे ।
सवाल उठता है कि देशभक्ति और क्रिकेट को एकसाथ मिलाया जाना कितना सही है ? किसी भी धर्म या अन्य किसी प्रकार का लोगो नहीं पहना जा सकता । फिर सेना का बलिदान बैज भी क्यो न हो ?
वैसे इससे एक ज्वार देशभक्ति का उमडा जरूर लेकिन यह भावना सदैव बनी रहनी चाहिए । हमें किसी बैज का सहारा लेने की जरूरत न पडे । यह सही है कि धोनी मानद सेना अधिकारी हैं लेकिन यह पद उनकी खेल भावना को बढाने वाला होना चाहिए । दूसरे धोनी पहले ही बहुचर्चित व प्रशंसित क्रिकेटर हैं उन्हें ऐसे किसी विवाद से चर्चित होने की कोई जरूरत नहीं । चर्चा तो तब होती है धोनी की जब वे किसी मंदिर में किसी जीव की बलि देने के संदेह के घेरे में आते हैं । चर्चा तो तब हुई जब वे दीपिका पादुकोण से कुछ समय जुडे और एक ही समय वे और युवराज उसके प्रेमियों के रूप में जाने गये । फिर साक्षी ने समय रहते धोनी को किसी लड्डू कैच की तरह लपक लिया ।
– कमलेश भारतीय
