नई दिल्ली। जीडब्ल्यूएम ने आज महाराष्ट्र सरकार के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर करने की घोषणा की है। भारत में कंपनी की यात्रा में यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। इस अवसर पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री श्री उद्धव ठाकरे और भारत में चीन के राजदूत श्री सून वीडॉन्ग भी उपस्थित थे। इस समझौते ने तालेगांव, महाराष्ट्र में एक अत्याधुनिक ऑटोमोटिव विनिर्माण सुविधा में निवेश की आधिकारिक घोषणा की है। यह संयंत्र नवीनतम और विश्व-स्तरीय प्रौद्योगिकी से सुसज्जित होगा और बेंगलुरू के शोध एवं विकास केन्द्र के साथ चरणबद्ध तरीके से 3000 से ज्यादा लोगों को नौकरियां दिलाएगा।
हस्ताक्षर समारोह मुख्यमंत्री की उपस्थिति में जीडब्ल्यूएम की भारतीय अनुषंगी के प्रेसिडेन्ट श्री जेम्स यांग और प्रबंध निदेशक श्री पारकर शी के बीच एक वर्चुअल मीटिंग के माध्यम से हुआ। इस अवसर पर चीन के राजदूत श्री सून वीडॉन्ग, महाराष्ट्र के उद्योग मंत्री श्री सुभाष देसाई भी मौजूद थे। इस प्रकार तालेगांव में एक पूरी तरह से आधुनिक और उत्कृष्ट विनिर्माण सुविधा के लिये निवेश की आधिकारिक घोषणा हुई।
इस यादगार अवसर पर टिप्पणी करते हुए श्री पारकर शी ने कहा, ‘‘हम पूरा सहयोग करने और एक लंबे तथा पारस्परिक लाभ देने वाले सम्बंध को प्रोत्साहन देने में हमारी मदद करने के लिये महाराष्ट्र सरकार को धन्यवाद देते हैं। उम्मीद है कि यह दोनों भागीदारों के लिये व्यवसाय का एक बेहतरीन प्रस्ताव बनेगा। यह तालेगांव में एक ऑटोमेटेड संयंत्र होगा, जहाँ की कई उत्पादन प्रक्रियाओं में रोबोटिक्स टेक्नोलॉजी एकीकृत होगी। कुल मिलाकर हमने चरणबद्ध तरीके से भारत में 1 बिलियन अमेरिकी डॉलर के निवेश का वचन दिया है। इस निवेश का उपयोग चरणबद्ध तरीके से विश्व-स्तरीय, इंटेलिजेंट और प्रीमियम उत्पादों के विनिर्माण, शोध एवं विकास केन्द्र, आपूर्ति श्रृंखला निर्माण और 3000 से ज्यादा लोगों को रोजगार प्रदान करने के लिये किया जा रहा है।’’
तालेगांव इंडस्ट्रीयल पार्क, महाराष्ट्र में रणनीतिक रूप से स्थित, यह संयंत्र लगभग 300 एकड़ के क्षेत्र में फैला हुआ है और यह एक्सप्रेसवे के काफी पास है। यह पुणे शहर से लगभग 45 किलोमीटर और मुंबई पोर्ट से लगभग 100 किलोमीटर की दूरी पर है। हाल ही में, इस साल जनवरी में जीडब्ल्यूएम ने महाराष्ट्र सरकार से यह संयंत्र खरीदने करने के लिये एक अनुबंध पर हस्ताक्षर किये थे। इस कारखाने में कई प्रकार की लॉजिस्टिक्स सुविधाएं हैं, जैसे डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर, ट्रेनिंग सेंटर, प्रोजेक्ट मैनेजमेन्ट बिल्डिंग, एडमिनिस्ट्रेटिव ऑफिस बिल्डिंग और पब्लिक फैसिलिटीज सेंटर।

