नीरू का दोहरा स्वर्ण, पिस्टल में लड़कियों का पोडियम पर कब्जा, भारत ने छुआ 50 पदकों का आंकड़ा

रणवीर सिंह

नई दिल्ली। श्यमकेंट, कज़ाख़स्तान में चल रही 16वीं एशियाई शूटिंग चैम्पियनशिप में भारत के निशानेबाजों ने 50 पदक पूरे कर लिए। यह उपलब्धि नीरू धांडा द्वारा महिलाओं की ट्रैप स्पर्धा में स्वर्ण जीतने और जूनियर महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में पायल खत्री (स्वर्ण), नाम्या कपूर (रजत) और तेजस्विनी (कांस्य) द्वारा व्यक्तिगत मुकाबले में पोडियम स्वीप दर्ज करने के साथ हासिल हुई। यह उपलब्धियां श्यमकेंट शूटिंग प्लाज़ा में प्रतियोगिता के आठवें दिन सामने आईं।

 

महिलाओं की ट्रैप स्पर्धा में प्रीति राजक 105 पर रुक गईं, लेकिन नीरू (20,23,20,23,21) और आशिमा अहलावत (21,23,22,20,21) ने 107-107 का स्कोर बनाकर क्वालीफिकेशन में क्रमशः पांचवें और छठे स्थान पर जगह बनाई। दोनों का बिब नंबर तय करने के लिए तीन शॉट का शूट-ऑफ खेला गया। क़तर की रे बासिल ने 110 स्कोर के साथ तीन-तरफ़ा शूट-ऑफ जीतकर बिब 1 हासिल किया।

 

फ़ाइनल में शुरुआती दौर में दोनों भारतीयों, क़तर की रे और जापान की नानामी मियासाका के बीच कड़ी टक्कर रही। बाद में चीनी ताइपे की लियू वान-यू चुनौती पेश करती दिखीं, जबकि मियासाका पिछड़ गईं।

अंततः रे और आशिमा 40 शॉट्स के बाद 29 पर बराबरी पर थीं, लेकिन बिब नंबर नियम से आशिमा बाहर हो गईं। नीरू ने अपने अंतिम 25 शॉट्स में से 22 और आख़िरी 10 में सभी पर निशाना साधते हुए 43 हिट्स के साथ स्वर्ण जीत लिया। रे बासिल 37 पर रहीं।

 

भारतीय तिकड़ी ने टीम इवेंट का स्वर्ण भी जीता, कुल 319 अंक बनाकर, जो रजत विजेता चीन से 18 अधिक थे।

क्लीन स्वीप

जूनियर महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल में नाम्या ने 581 अंकों के साथ क्वालीफिकेशन में टॉप किया, जबकि तेजस्विनी 577 के साथ दूसरे नंबर पर रहीं। पायल ने 569 अंक बनाए और छठे स्थान पर रहते हुए फाइनल में जगह बनाई।

 

पायल और तेजस्विनी ने रिया शिरीष ठट्टे (554) के साथ टीम इवेंट में 1700 अंक जुटाकर रजत पदक जीता। स्वर्ण कोरिया ने जीता।

 

10 सीरीज़ (प्रत्येक में पांच रैपिड-फायर शॉट्स) वाले फाइनल में तीनों भारतीय एक-दूसरे से ही कड़ी टक्कर ले रही थीं। पायल ने छठी से नौवीं सीरीज़ तक लगातार चार-चार हिट और 10वीं सीरीज़ में 5/5 हिट करते हुए कुल 36 हिट्स के साथ स्वर्ण पर कब्जा किया।

 

नाम्या ने 30 हिट्स के साथ रजत जीता, जबकि हाल ही में जूनियर आईएसएसएफ विश्वकप विजेता तेजस्विनी 27 हिट्स के साथ कांस्य पर रहीं।

 

भावनीश का रजत

पुरुषों की ट्रैप स्पर्धा में भावनीश मेंदिरत्ता ने शानदार रजत पदक जीता। उन्होंने क्वालीफिकेशन में 118 (25,24,23,22,24) अंक बनाए और तीन-तरफ़ा शूट-ऑफ में दूसरा स्थान पाकर चौथे स्थान पर क्वालीफाई किया।

 

फ़ाइनल में उनका सामना चीन के ची यिंग (पेरिस ओलंपिक रजत विजेता) से हुआ। भावनीश ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए 45 हिट्स हासिल किए, लेकिन ची से सिर्फ़ दो अंक पीछे रहकर रजत से संतोष करना पड़ा।

 

मनु और ईशा मेडल से बाहर

महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल में फ़ाइनल बेहद रोमांचक रहा। इसमें दो ओलंपिक चैंपियन कोरियाई शूटर – यांग जी-इन (इवेंट चैंपियन) और ओ ये-जिन (एयर पिस्टल चैंपियन) – के साथ भारत की पेरिस डबल मेडलिस्ट मनु भाकर, वियतनाम की थू विन्ह त्रिन्ह और भारत की पूर्व जूनियर विश्व चैंपियन ईशा सिंह भी शामिल थीं।

 

लेकिन दोनों कोरियाई शुरुआती दौर में ही बाहर हो गईं। चीन की झांग युएयुए और शियाओ जियारुइशियान ने क्रमशः स्वर्ण और रजत जीते, जबकि थू ने कांस्य पर कब्जा किया।

 

मनु पांचवें स्थान पर रहीं, जबकि ईशा 18 हिट्स के साथ छठी सीरीज़ में ही बाहर हो गईं। मनु आठवीं सीरीज़ में केवल एक हिट कर पाईं और चौथे स्थान पर समाप्त हुईं।

 

ईशा, मनु और सिमरनप्रीत कौर बराड़ की 1749 अंकों की तिकड़ी को टीम कांस्य मिला। इस इवेंट में चीन ने स्वर्ण और कोरिया ने रजत जीता।

 

भारत का कुल पदक स्कोर अब 28 स्वर्ण, 10 रजत और 12 कांस्य तक पहुंच गया है, जबकि चैम्पियनशिप में अभी तीन और प्रतियोगिता दिवस शेष हैं।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published.