भोपाल। केंद्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि जीएसटी की नई दरें किसानों के लिए बड़े पैमाने पर राहत लेकर आई हैं। उन्होंने बताया कि कृषि उपकरणों पर जीएसटी 18% से घटाकर 5% कर दी गई है, जिससे खेती की लागत कम होगी और किसानों का मुनाफा बढ़ेगा।
भोपाल में आयोजित प्रेस वार्ता में चौहान ने कहा कि जैव-कीटनाशक और सूक्ष्म पोषक तत्वों पर जीएसटी घटाने से प्राकृतिक और जैविक खेती को बढ़ावा मिलेगा। वहीं, डेयरी क्षेत्र में दूध और पनीर को जीएसटी से मुक्त कर दिया गया है। इससे आम उपभोक्ताओं के साथ-साथ पशुपालकों और दुग्ध उत्पादकों को सीधा फायदा मिलेगा। मक्खन और घी पर कर दरें कम होने से स्वदेशी उत्पादों की खपत बढ़ने की संभावना है।
उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि जीएसटी दरों में कटौती के बाद ट्रैक्टरों की कीमतों पर 25 हजार से 63 हजार रुपये तक की बचत होगी। इसी तरह अन्य कृषि उपकरण भी अब किसानों को सस्ते दामों पर मिलेंगे।
चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार का लक्ष्य खेती में लागत घटाना और उत्पादन बढ़ाना है। सरकार इंटीग्रेटेड फार्मिंग को बढ़ावा दे रही है, जिसमें पशुपालन, मछली पालन, मधुमक्खी पालन और कृषि वानिकी जैसे क्षेत्र भी शामिल हैं।
मंत्री ने दावा किया कि जीएसटी सुधारों से किसानों, पशुपालकों, दुग्ध उत्पादकों और महिला स्वयं सहायता समूहों को व्यापक लाभ मिलेगा और यह कदम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई मजबूती देगा।

