अभी तक 14 जून, 2024 की अंतिम तिथि तक अनुपालन और कोई भी डिलीवरी पार्टनर बचा न रह जाए, यह सुनिश्चित करने के लिए ज़ोमैटो ने पिछले कुछ दिनों में दिल्ली में अलग-अलग स्थानों पर 15 शिविर लगाए हैं। कंपनी ने अधिसूचनाओं, कॉल्स, मैसेजेस द्वारा जागरुकता अभियान चलाकर शहर में हजारों डिलीवरी पार्टनर्स से संपर्क किया है। पिछले कुछ सालों में गिग वर्क लोगों के लिए अतिरिक्त आय निर्माण का एक पसंदीदा स्रोत बन गया है क्योंकि इससे उन्हें काम करने की फ्लेक्सिबिलिटी और कल्याणकारी प्रावधान उपलब्ध होते हैं। ज़ोमैटो ने पिछले छः सालों में देश के सभी राज्यों में 24 लाख से ज्यादा गिग कर्मचारियों को आय के अवसर प्रदान किए हैं, जिनमें 27,000 से ज्यादा महिलाएं और 300 से ज्यादा दिव्यांग नागरिक शामिल हैं।
कंपनी सभी पात्र डिलीवरी पार्टनर्स को 10 लाख रुपये तक के एक्सीडेंटल डेथ कवर के साथ व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा पॉलिसी प्रदान करती है, जिसके अंतर्गत उन्हें दुर्घटनाओं के कारण स्थायी पूर्ण विकलांगता और स्थायी आंशिक विकलांगता के लिए बीमा सुरक्षा प्राप्त होती है। कंपनी सभी पात्र डिलीवरी पार्टनर्स को स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी भी प्रदान करती है, जिसमें 1 लाख रुपये तक के कवरेज के साथ डिलीवरी पार्टनर्स के लिए आईपीडी/हॉस्पिटलाईज़ेशन एवं डे केयर और आईसीयू कवरेज, ओपीडी, टेली कंसल्टेशन एवं ऑनलाईन कंसल्टेशन शामिल है। इन दुर्घटना बीमा पॉलिसी और स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी के लिए प्रीमियम का खर्च ज़ोमैटो द्वारा दिया जाता है।
इसके अलावा यदि नॉन-एक्सीडेंटल समस्याओं, जैसे मलेरिया, डेंगू, चिकनगुनिया, टायफायड, पल्मोनरी ट्यूबरकुलोसिस, मेनिंजाईटिस, आदि के कारण डिलीवरी करना संभव नहीं है, तो उस स्थिति में ज़ोमैटो द्वारा आय सुरक्षा कवर प्रदान किया जाता है। ज़ोमैटो ने उद्योग में पहली बार मैटरनिटी इंश्योरेंस पेश किया है, जो बच्चे को जन्म देने और गर्भ की समस्याओं (जैसे गर्भपात) आदि के लिए 40,000 रुपये तक का कवरेज प्रदान करता है। ये सभी बीमा योजनाएं निजी बीमा प्रदाता द्वारा दी जाती हैं, और इनके प्रीमियम का पूरा खर्च केवल ज़ोमैटो द्वारा दिया जाता है।

