ट्रंप के भड़काउ बयानों से उग्र हुआ अश्वेत आंदोलन

नई दिल्ली।  विश्व के सबसे शक्तिशाली और संपन्न देश अमेरिका अभी कोरोना की विभीषिका से उबर भी नहीं पाया था कि उस पर अबएक और मुसीबत आ गई है  परंतु …

अगर पीएम ‘प्रवासी’ नहीं तो कामगार क्यों?

निशिकांत ठाकुर ‘प्रवासी’ शब्द आखिर है क्या? इसका क्या अर्थ है? यह समझना इसलिए बहुत जरूरी हो गया है, क्योंकि आज यह शब्द कुछ ज्यादा ही प्रचलन में आ गया …

कोरोना संकट के बीच मोदी सरकार की उपलिब्धयों की चर्चा

कृष्णमोहन झा केंद्र में मोदी सरकार की दूसरी पारी का प्रथम वर्ष पूर्ण हो चुका है लेकिन वर्तमान परिस्थितियां सरकार को इस अवसर पर उल्लासपूर्ण आयोजन करने की अनुमति नहीं …

क्या शरद पवार के सियासी गुगली में फंसेंगे उद्धव-कांग्रेस ?

नई दिल्ली। कोरोना संकट के बीच महाराष्ट्र के सियासत में मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे और एनसीपी प्रमुख शरद पवार की मुलाकात के बाद अटकलों का बाजार गर्म हो गया है। इस …

नेपाल से काहे का विवाद

pal आलोक कुमार आप जपते रहिए। नेपाल से हम अलग नहीं। हमारे खून का संबंध हैं। सांस्कृतिक विरासत समान है। रोटी-बेटी का रिश्ता है लेकिन सियासत की जमीन पर उपजा …

लॉकडाउन, रचनात्मकता और पारदर्शी व्यवहार

निशिकांत ठाकुर वैश्विक महामारी कोविड-19 के कारण पूरी दुनिया में लगे लॉकडाउन का विश्वव्यापी प्रतिकूल असर पड़ा है। पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था रसातल की ओर जाने लगी है। रोजी-रोटी-रोजगार पर …

…तो क्या मरने के लिए ही पैदा होते हैं मजदूर!

निशिकांत ठाकुर आजकल सुबह सो कर उठते ही दुर्घटना के ही किसी-न-किसी समाचार से पाला पड़ता है। ये हादसे बेहद दुखद और हृदय को उद्वेलित करने वाले होते हैं। पता …