रणवीर सिंह
आइची-नागोया (जापान)। भारत की पुरुष स्कीट टीम ने एशियन गेम्स में शानदार प्रदर्शन करते हुए कांस्य पदक अपने नाम किया। अनंतजीत सिंह नरुका, मेराज अहमद खान और भवतेघ सिंह गिल की भारतीय तिकड़ी ने कजाकिस्तान के साथ बराबरी के बाद हुए रोमांचक शूट-ऑफ में जीत दर्ज कर पदक हासिल किया।
क्वालिफिकेशन में भारत और कजाकिस्तान दोनों के 346 अंक रहे। इसके बाद कांस्य पदक के लिए शूट-ऑफ हुआ, जिसमें भारतीय निशानेबाजों ने दबाव के बीच अपना धैर्य बनाए रखा और कजाकिस्तान को पछाड़ते हुए पोडियम स्थान हासिल किया।
भारत की ओर से अनंतजीत सिंह नरुका ने 125 में से 119 अंक जुटाए। वहीं मेराज अहमद खान ने 116 और भवतेघ सिंह गिल ने 111 अंक का योगदान दिया। तीनों के प्रदर्शन से भारत का कुल स्कोर 346 अंक रहा।
यह आज निशानेबाजी में भारत का दूसरा कांस्य पदक रहा। इससे पहले इसी सत्र में भारतीय महिला स्कीट टीम ने भी कांस्य पदक हासिल किया था। इस प्रदर्शन के साथ आइची-नागोया एशियन गेम्स में निशानेबाजी में भारत का शानदार अभियान जारी रहा।
व्यक्तिगत स्पर्धा में नरुका पदक से चूके
टीम स्पर्धा में कांस्य पदक जीतने के बाद अनंतजीत सिंह नरुका पुरुष स्कीट व्यक्तिगत स्पर्धा के फाइनल में भी पहुंचे। हालांकि, वह यहां बेहद मामूली अंतर से पदक से चूक गए और चौथे स्थान पर रहे।
कतर के अल-अथबा ने 34 अंकों के साथ एशियन रिकॉर्ड बनाते हुए स्वर्ण पदक जीता। चीन के ल्यू जियानलिन ने 33 अंक के साथ रजत पदक हासिल किया, जबकि चीनी ताइपे के ली ने 29 अंकों के साथ कांस्य पदक जीता।
नरुका ने फाइनल में 28 में से 25 अंक हासिल किए और चौथे स्थान पर रहे। वह कांस्य पदक से महज एक अंक दूर रह गए। हालांकि व्यक्तिगत पदक से चूकने के बावजूद टीम स्पर्धा में कांस्य पदक के साथ नरुका, मेराज और गिल ने भारत के लिए दिन को यादगार बना दिया।

