नई दिल्ली। प्रमुख हेल्थकेयर मॉनिटरिंग ब्रांड, ओमरॉन हेल्थकेयर इंडिया ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) समर्थित हेल्थकेयर मैनेजमेंट कंपनी, फेबलकेयर के साथ मिलकर वन-स्टॉप रिमोट हाइपरटेंशन मैनेजमेंट सेवाएं शुरू की। इन सेवाओं का लाभ घर से लिया जा सकता है। इस प्लेटफॉर्म का उद्देश्य तकनीक और स्वास्थ्य सेवा को एक साथ लाना है, ताकि उच्च-रक्तचाप के रोगी डायग्नोसिस से लेकर मॉनिटरिंग और उपचार तक सभी प्रकार की सेवाओं का लाभ एक ही छत के नीचे ले सकें। इसके लिए डॉक्टरों की विशेषज्ञता, मरीजों के आंकड़ों, स्वास्थ्य सेवाओं और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस व मशीन लर्निंग (एआई/एमएल) की ताकत को एक मंच पर लाया गया है।
इस प्रगति के बारे में, ओमरॉन हेल्थकेयर इंडिया के प्रबंध निदेशक, मासानोरी मत्सुबरा ने कहा, ”नये मानकों के अंतर्गत स्वतंत्र और एआई-आधारित हेल्थकेयर हकीकत बन रहा है। ऐसे में, इस सहयोग से भारत में अपने तरह की अनूठी दूरस्थ उच्च-रक्तचाप प्रबंधन सेवा शुरू हो सकेगी। अब तक, ओमरॉन द्वारा घर पर उपयोग लायक गुणवत्तापरक डिजिटल ब्लड प्रेशर (बीपी) समाधान उपलब्ध कराये जाते रहे हैं, ताकि लोग अपने हृदय के स्वास्थ्य पर निगरानी रख सकें। हालांकि, फेबलकेयर का साथ मिल जाने के बाद, हम लाखों लोगों के लिए ऐसी सुविधा उपलब्ध करा सकेंगे जिससे वो डॉक्टर्स की निगरानी में आराम से घर बैठे इन सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे। इस समाधान के जरिए मरीजों के लिए सटीक निगरानी उपकरण, उचित डायग्नोसिस, प्रेस्क्रिप्शन, रियल टाइम ट्रैकिंग व मॉनिटरिंग और यहां तक कि दवा की डिलिवरी व जोखिम विश्लेषण भी सुलभ होगा।”
ओमरॉन हेल्थकेयर चाहता है कि वो लोगों को रक्तचाप की समय से और सही-सही निगरानी के महत्व से परिचित कराए और इसलिए, इसने ”जीरो हार्ट अटैक और जीरो ब्रेन स्ट्रोक्स” का अपना उद्देश्य हासिल करने की दिशा में यह कदम आगे बढ़ाया है।
उपयोगकर्ताओं को अपने मोबाइल पर फेबल (PHABLE) एप्प डाउनलोड करना होगा और उपयुक्त सब्सक्रिप्शन पैकेज चुनना होगा। अभी तक, 800 से अधिक डॉक्टर्स सहित 65,000 से अधिक रोगी इस एप्प का सब्सक्रिप्शन ले चुके हैं। अगले 12 महीनों में उच्च-रक्तचाप के 1 मिलियन रोगियों तक पहुंचने में इस सहयोग की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।
इस सहयोग के बारे में, फेबलकेयर के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और सह-संस्थापक, श्री सुमित सिन्हा ने कहा, ”पिछले कुछ महीनों में उपभोक्ता के व्यवहार में काफी बदलाव आया है, जहां अधिकांश लोग स्मार्टफोन्स के जरिए अपनी मूल आवश्यकताओं की पूर्ति कर रहे हैं। स्वास्थ्य सेवा एक मूलभूत आवश्यकता है और फेबलकेयर का वास्तव में यह मानना है कि अच्छी स्वास्थ्य सेवा हर नागरिक का मौलिक अधिकार है। फेबलकेयर जटिल बीमारियों के शिकार लोगों को बेहतर स्वास्थ्य परिणाम देने में जोर देता है, सैकड़ों जिंदगियां बचाने में डॉक्टर्स की सहायता करता है और स्वस्थ शिशुओं के जन्म में मदद करता है। इस सहयोग ने दुनिया की प्रमुख डिजिटल बीपी मॉनिटरिंग डिवाइस निर्माता, ओमरॉन और भारत की सबसे बड़ी हाइपरटेंशन मैनेजमेंट कंपनी, फेबलकेयर को एक साथ लाया है। स्वास्थ्य सेवा की सुलभता में मौलिक बदलाव लाने और उच्च-रक्तचाप के रोगियों के लिए बेहतर परिणाम लाने की दिशा में यह एक प्रयास है।”
उच्च-रक्तचाप से कार्डियोवैस्क्यूलर बीमारियों जैसे स्ट्रोक और हार्ट अटैक का प्रमुख रूप से खतरा होता है। हाल के अध्ययनों से पता चलता है कि, लगभग 33 प्रतिशत शहरी और 25 प्रतिशत ग्रामीण भारतीय उच्च-रक्तचाप के शिकार हैं। साथ ही, ग्रामीण क्षेत्र में 10 में से मात्र 1 और शहरी क्षेत्रों में पांच में से मात्र एक व्यक्ति का रक्तचाप नियंत्रित है।

