नई दिल्ली: कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शुक्रवार को मध्य दिल्ली में ऑटो रिक्शा चालकों से मुलाकात कर उनके साथ दोपहर का भोजन किया और उनकी रोजमर्रा की समस्याओं को करीब से समझने की कोशिश की। यह अनौपचारिक मुलाकात राष्ट्रीय राजधानी में परिवहन कर्मियों के सामने आ रही चुनौतियों को जानने और उनकी चिंताओं को सुनने के उद्देश्य से आयोजित की गई।
राहुल गांधी ने बंगाली मार्केट के पास टोडरमल रोड स्थित टोडरमल पार्क में करीब आधे घंटे तक ऑटो चालकों के साथ बातचीत की। इस दौरान उन्होंने चालकों से बढ़ती ईंधन कीमतों, परिचालन लागत में लगातार हो रही बढ़ोतरी और घटती आय को लेकर विस्तार से चर्चा की।
इस मुलाकात के दौरान राहुल गांधी को एक ऑटो चालक के साथ दोपहर का भोजन करते हुए भी देखा गया। बातचीत के दौरान चालकों ने उन्हें अपनी दैनिक चुनौतियों, बढ़ते आर्थिक दबाव और परिवहन क्षेत्र में आ रही दिक्कतों से अवगत कराया।
यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में वाणिज्यिक वाहन चालक बढ़ती लागत और किराया दरों में पर्याप्त संशोधन नहीं होने को लेकर लगातार चिंता जता रहे हैं। हाल के वर्षों में राहुल गांधी मजदूरों, डिलीवरी कर्मियों, ड्राइवरों और श्रमिक वर्ग के अन्य प्रतिनिधियों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं को समझने की कोशिश करते रहे हैं।
गौरतलब है कि यह बैठक दिल्ली-एनसीआर में 21 से 23 मई के बीच परिवहन यूनियनों द्वारा किए गए व्यापक विरोध प्रदर्शन और हड़ताल के कुछ ही दिनों बाद हुई है। इस हड़ताल के चलते ऑटो-रिक्शा और कैब सेवाओं सहित कई सार्वजनिक परिवहन सेवाएं प्रभावित हुई थीं, जिससे यात्रियों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ा।
ऑल इंडिया मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस (AIMTC) और यूनाइटेड फ्रंट ऑफ ऑल ट्रांसपोर्ट एसोसिएशंस (UFTA) के बैनर तले 68 से अधिक परिवहन यूनियनों ने इस चक्का जाम आंदोलन में हिस्सा लिया था। ऐसे में राहुल गांधी की यह मुलाकात परिवहन कर्मियों की समस्याओं को लेकर राजनीतिक और सामाजिक चर्चा को नया आयाम दे सकती है।

