नई दिल्ली। प्रधानमंत्री Narendra Modi द्वारा इटली की प्रधानमंत्री Giorgia Meloni को रोम यात्रा के दौरान पार्ले की लोकप्रिय “मेलोडी” टॉफी उपहार में दिए जाने के बाद सोशल मीडिया से लेकर ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म तक “Melodi” का जबरदस्त क्रेज देखने को मिल रहा है।
प्रधानमंत्री मोदी के इस हल्के-फुल्के लेकिन चर्चित कूटनीतिक अंदाज के बाद भारतीय उपभोक्ता बड़ी संख्या में ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर मेलोडी टॉफी खरीदने पहुंच गए। स्थिति यह रही कि Blinkit, Instamart और Zepto जैसे क्विक-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर मेलोडी टॉफियां कई शहरों में आउट ऑफ स्टॉक हो गईं।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम और एक्स पर भी “Melodi” ट्रेंड करने लगा। ब्लिंकइट ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में बताया कि ऐप पर मेलोडी टॉफी की खोज में अचानक भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। 100 रुपये वाले मेलोडी कैंडी पैक तेजी से खत्म हो गए, जबकि कुछ जगहों पर केवल 50 रुपये वाले पैकेट ही उपलब्ध रह गए।
दरअसल, “Melodi” शब्द प्रधानमंत्री मोदी और जॉर्जिया मेलोनी के नामों के मेल से बना एक लोकप्रिय सोशल मीडिया हैशटैग है, जो पहली बार वर्ष 2023 में दुबई में आयोजित COP-28 सम्मेलन के दौरान चर्चा में आया था। उस समय मेलोनी ने मोदी के साथ तस्वीर साझा करते हुए “#Melodi” हैशटैग का इस्तेमाल किया था, जिसके बाद यह इंटरनेट पर वायरल हो गया।
अब रोम यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री मोदी द्वारा मेलोनी को “मेलोडी” टॉफी भेंट करने के बाद यह हैशटैग फिर चर्चा में आ गया है। जॉर्जिया मेलोनी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा करते हुए प्रधानमंत्री मोदी का धन्यवाद किया। वीडियो में वह कहती नजर आ रही हैं, “प्रधानमंत्री मोदी मेरे लिए बहुत अच्छी टॉफी लेकर आए हैं — मेलोडी।” वीडियो में प्रधानमंत्री मोदी भी मुस्कुराते दिखाई देते हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह एक अनोखा उदाहरण है, जहां एक साधारण टॉफी कूटनीतिक प्रतीक बनकर पॉप-कल्चर और ई-कॉमर्स ट्रेंड में बदल गई। एक रुपये से भी कम कीमत वाली इस टॉफी को लेकर लोगों में अचानक बढ़ी दीवानगी ने सोशल मीडिया मार्केटिंग और ब्रांड वैल्यू का नया उदाहरण पेश किया है।
प्रधानमंत्री मोदी 15 से 20 मई तक संयुक्त अरब अमीरात, नीदरलैंड, स्वीडन, नॉर्वे और इटली की पांच देशों की यात्रा पर हैं। यात्रा के अंतिम चरण में वह रोम पहुंचे, जहां दोनों नेताओं के बीच व्यापार, रक्षा, स्वच्छ ऊर्जा और प्रौद्योगिकी सहित कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है।

